हिमालय दिवस के अवसर पर प्रदेशवासियों को शुभकामना देते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि हिमालयी क्षेत्रों में सामाजिक विकास की आवश्यकता के दृष्टिगत हमें इकॉलोजी एवं इकोनॉमी में समन्वय के साथ कार्य करना होगा। भावी पीढ़ियों के लिये हिमालय की सुंदरता तथा जैव विविधता को संरक्षित रखना हम सबका दायित्व है। हिमालय हमारे जीवन से जुडा विषय होने के नाते इसके संरक्षण का दायित्व भी हम सभी का है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण उत्तराखण्डवासियों के स्वभाव में है, हरेला जैसे पर्व, प्रकृति से जुड़ने की हमारे पूर्वजों की दूरगामी सोच का परिणाम है। मुख्यमंत्री ने पर्यावरण में हो रहे बदलावों, ग्लोबल वार्मिंग के साथ ही जल, जंगल, जमीन से जुड़े विषयों पर समेकित चिंतन की जरूरत बताते हुए कहा कि सामाजिक चेतना तथा सामूहिक प्रयासों से ही हम इस समस्या के समाधान में सहयोगी बन सकते हैं।

More Stories
परम पूज्य गुरुदेव श्री श्री रविशंकर जी के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में आयोजित विशाल रक्तदान शिविर सफलतापूर्वक संपन्न, रक्तदान शिविर बना मानवता और सेवा का प्रेरणादायक उदाहरण
कारोबारी को हत्या के प्रयास व लूट में फंसाने का भय दिखाकर “पुलिस सेटिंग” के नाम पर 25 लाख की रंगदारी वसूलने वाले शातिर गिरोह को दून पुलिस ने किया बेनकाब, गिरोह के मास्टरमाइंड समेत 3 अभियुक्तो को किया गिरफ्तार
कैंट क्षेत्र मे चल रहे जिस्मफरोशी के धंधे का दून पुलिस ने किया भंडाफोड़, अनैतिक देह व्यापार करवा रहे व्यक्ति सहित 2 अभियुक्तों को किया गिरफ्तार, 3 पीडिताओं को किया रेस्क्यू