मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास में उच्च स्तरीय बैठक के दौरान अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये कि राज्य में कानून व्यवस्था का उल्लंघऩ करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाए। नैनीताल में नाबालिक पीड़िता के साथ हुई घटना पर अपराधियों पर कड़ी कार्रवाई के निर्देश मुख्यमंत्री ने दिये। उन्होंने जिला प्रशासन नैनीताल को निर्देश दिये कि पीड़िता की देखभाल एवं उनके परिवार को पूरी सुरक्षा मुहैया कराई जाए। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार पीड़िता और उसके परिवार के साथ मजबूती के साथ खड़ी है।
मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को सख्त निर्देश दिये हैं कि सोशल मीडिया और अन्य माध्यमों से भ्रामक जानकारियां देने और अफ़वाह फैलाने वालों की तत्काल पहचान कर उनके विरुद्ध कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए। उन्होंने कहा कि उत्तराखंड की भूमि और राज्य की अस्मिता के साथ छेड़छाड़ बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जो भी व्यक्ति या संगठन देवभूमि की एकता को तोड़ने का दुस्साहस करेगा उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य में श्रद्धालुओं और पर्यटकों की सुरक्षा की दृष्टि से पूरी सतर्कता बरती जाए। सुरक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जायेगी। किरायेदारों के सत्यापन, रेहड़ी-पटरी, वालों, अवैध तरीके से भूमि पर कब्जा करने वालों और जिन लोगों के अवैध तरीके से प्रमाण पत्र बने हैं, उन पर की गई कार्रवाई की समस्त रिपोर्ट जिलाधिकारियों को तीन दिन में प्रस्तुत करने के निर्देश मुख्यमंत्री ने दिये हैं।
बैठक में मुख्य सचिव आनन्द बर्द्धन, डीजीपी दीपम सेठ, प्रमुख सचिव आर.के.सुधांशु, आर. मीनाक्षी सुंदरम, अपर पुलिस महानिदेशक वी. मुरूगेशन, ए.पी. अंशुमन, अपर सचिव गृह श्रीमती निवेदिता कुकरेती, वर्चुअल माध्यम से आयुक्त कुमाऊं श्री दीपक रावत, आईजी कुमांऊ श्रीमती रिद्धिम अग्रवाल, जिलाधिकारी नैनीताल श्रीमती वंदना, जिलाधिकारी ऊधम सिंह नगर नितिन भदौरिया, एसएसपी नैनीताल पी.एन.मीणा और एसएसपी ऊधम सिंह नगर मणिकांत मिश्रा मौजूद थे।

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